
CBSE रिजल्ट विवाद: 'पाकिस्तानी' का ताना झेलने वाले छात्र वेदांत की बड़ी जीत, बोर्ड ने मानी कॉपी चेकिंग में गलती
नई दिल्ली (द इंडियन न्यूजपेपर ब्यूरो):
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) के 12वीं कक्षा के परिणामों को लेकर चल रहा विवाद अब एक नया मोड़ ले चुका है। दिल्ली के एक छात्र वेदांत ने जब बोर्ड की ऑनस्क्रीन मार्किंग (OSM) सिस्टम और अपनी आंसर शीट में गड़बड़ी पर सवाल उठाए, तो उसे सोशल मीडिया पर न्याय मिलने के बजाय गालियां और 'पाकिस्तानी' होने के ताने सुनने पड़े। लेकिन, अब सच्चाई सबके सामने आ गई है और खुद CBSE ने माना है कि वेदांत सही था।
क्या था पूरा मामला?
दरअसल, रिजल्ट आने के बाद वेदांत को फिजिक्स (Physics) में उम्मीद से काफी कम नंबर मिले थे। जब उसने री-इवैल्यूएशन (Re-evaluation) के तहत अपनी कॉपी की स्कैन फाइल मंगवाई, तो वह हैरान रह गया। वेदांत ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर सबूतों के साथ दावा किया कि CBSE ने जो कॉपी अपलोड की है, वह उसकी है ही नहीं। उसकी हैंडराइटिंग, सवालों के जवाब और लिखने का तरीका उसकी असली कॉपी से बिल्कुल अलग था।
'पाकिस्तानी' कहकर किया गया ट्रोल
वेदांत ने अपनी आवाज़ उठाने के लिए 'X' (पूर्व में ट्विटर) पर एक नया अकाउंट बनाया था। तकनीकी खामी (ग्लिच) के कारण उस अकाउंट की लोकेशन 'पाकिस्तान' शो हो रही थी। बस इसी बात को लेकर कुछ सोशल मीडिया यूज़र्स ने वेदांत को 'देशद्रोही' और 'पाकिस्तानी' कहना शुरू कर दिया। उसकी असली परेशानी को नज़रअंदाज़ करके उसे बुरी तरह ट्रोल किया गया। बाद में फैक्ट-चेक होने पर कई लोगों ने अपने पोस्ट डिलीट किए और माफी भी मांगी।
राहुल गांधी ने दिया था छात्र का साथ
इस पूरे विवाद ने तब और तूल पकड़ लिया जब लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने वेदांत के समर्थन में आवाज़ उठाई। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा, "एक 17 साल का बच्चा, जिसकी कॉपी गलत जांची गई, वह न्याय की उम्मीद में सोशल मीडिया पर आया। लेकिन उसे मदद की बजाय गालियां मिलीं।" राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि युवाओं के हक़ मांगने पर उन्हें इस तरह से बदनाम करना बेहद गलत है।
अंततः CBSE ने मानी अपनी गलती
इन सब विवादों और ट्रोलिंग के बीच वेदांत की सच्चाई की जीत हुई। ताज़ा रिपोर्ट्स के अनुसार, CBSE ने वेदांत की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच की। जांच में पाया गया कि सच में कॉपी अपलोड करने और चेकिंग में भारी गड़बड़ी हुई थी। बोर्ड ने वेदांत की असली फिजिक्स की आंसर शीट ढूंढ ली है और उसे छात्र को मेल कर दिया है। इसके साथ ही बोर्ड ने आश्वासन दिया है कि वेदांत के नंबरों को फिर से सही करके जल्द ही अपडेट कर दिया जाएगा।
वेदांत की यह जीत उन सभी छात्रों के लिए एक उम्मीद की किरण है, जो सिस्टम की गड़बड़ी का शिकार हुए हैं और अपने सही नंबरों के लिए संघर्ष कर रहे हैं।


