
सहारनपुर मस्जिद ध्वस्तीकरण मामला हाई कोर्ट पहुंचा, कमेटी ने दाखिल की याचिका
नमस्कार दोस्तों,
उत्तर प्रदेश के सहारनपुर कलेक्ट्रेट परिसर स्थित मस्जिद के ध्वस्तीकरण का मामला अब इलाहाबाद हाई कोर्ट पहुंच गया है। मस्जिद प्रबंधन कमेटी के मुतवल्ली मोहम्मद तनवीर अहमद ने प्रशासन की कार्रवाई को चुनौती देते हुए याचिका दाखिल की है।
प्रशासन ने 5 सितंबर 2026 को कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित करीब 315 वर्ग मीटर क्षेत्र में बनी मस्जिद को ध्वस्त कर दिया था। इससे पहले सिटी मजिस्ट्रेट ने 16 जुलाई को मस्जिद को लेकर बेदखली का आदेश जारी किया था और प्रबंधन पर 6.41 करोड़ रुपये का अर्थदंड लगाया था।
मस्जिद कमेटी की ओर से दाखिल याचिका में आरोप लगाया गया है कि प्रशासन ने बिना पर्याप्त कानूनी नोटिस और सक्षम आदेश के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की। याचिका में संबंधित कानूनी प्रक्रिया और पूजा स्थल अधिनियम के पालन को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं।
सिटी मजिस्ट्रेट के आदेश के खिलाफ मस्जिद प्रबंधन ने जिला जज की अदालत में अपील की थी। 2 सितंबर 2026 को जिला अदालत ने सिटी मजिस्ट्रेट के आदेश को बरकरार रखते हुए अपील खारिज कर दी थी। इसके बाद 5 सितंबर को प्रशासन ने ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की।
मामले की सुनवाई के दौरान इलाहाबाद हाई कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार से जवाब मांगा है। कोर्ट ने मस्जिद कमेटी पर लगाए गए 6.41 करोड़ रुपये के हर्जाने की वसूली पर अंतरिम रोक भी लगा दी है। मामले की अगली सुनवाई 12 अक्टूबर 2026 को होगी।
सहारनपुर कलेक्ट्रेट की मस्जिद का मामला हाई कोर्ट पहुंचा।
मस्जिद कमेटी के मुतवल्ली ने याचिका दाखिल की।
मस्जिद को 5 सितंबर 2026 को ध्वस्त किया गया था।
सिटी मजिस्ट्रेट ने पहले 6.41 करोड़ रुपये का अर्थदंड लगाया था।
जिला अदालत ने 2 सितंबर को सिटी मजिस्ट्रेट के आदेश को बरकरार रखा था।
हाई कोर्ट ने यूपी सरकार से जवाब मांगा।
6.41 करोड़ रुपये की वसूली पर फिलहाल रोक लगा दी गई है।
अगली सुनवाई 12 अक्टूबर को होगी।
जवाब: मस्जिद प्रबंधन ने प्रशासन द्वारा की गई ध्वस्तीकरण कार्रवाई और उससे जुड़े आदेशों को चुनौती देते हुए इलाहाबाद हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की है।
जवाब: प्रशासन ने 5 सितंबर 2026 को मस्जिद को ध्वस्त किया था।
जवाब: सिटी मजिस्ट्रेट के आदेश में मस्जिद प्रबंधन पर करीब 6.41 करोड़ रुपये का अर्थदंड लगाया गया था।
जवाब: हाई कोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब मांगा है और फिलहाल 6.41 करोड़ रुपये के हर्जाने की वसूली पर रोक लगा दी है। अगली सुनवाई 12 अक्टूबर को होगी।
⚠︎ Disclaimer:
यह खबर अदालत में रखी गई दलीलों, प्रशासनिक आदेशों और उपलब्ध मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है। मामले में लगाए गए आरोपों और कानूनी दावों पर अंतिम स्थिति अदालत के निर्णय के बाद ही स्पष्ट होगी।


