
रामायण के 'सुग्रीव' का रुला देने वाला सच: जब अंतिम विदाई में टीवी इंडस्ट्री से कोई नहीं पहुंचा
मुंबई (द इंडियन न्यूजपेपर ब्यूरो):
रामानंद सागर की 'रामायण' (Ramayan) भारतीय टेलीविजन इतिहास का वह महाकाव्य है, जिसका हर एक किरदार लोगों के दिलों में बसता है। इसी शो में 'सुग्रीव' (Sugriva) और 'बाली' का प्रतिष्ठित किरदार अभिनेता श्याम सुंदर कलानी (Shyam Sundar Kalani) ने निभाया था। उनकी शानदार कद-काठी और दमदार अभिनय ने इस किरदार को अमर कर दिया। लेकिन चकाचौंध से भरी इस मनोरंजन दुनिया का एक बेहद कड़वा सच भी है, जिसका सामना श्याम सुंदर जी को अपनी अंतिम विदाई के समय करना पड़ा।
कैंसर से लंबी जंग और निधन:
श्याम सुंदर कलानी ने अपने जीवन के अंतिम वर्षों में काफी दुख झेले। वे लंबे समय से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जंग लड़ रहे थे। आखिरकार, 29 मार्च 2020 को उन्होंने इस दुनिया को हमेशा के लिए अलविदा कह दिया। यह वह दौर था जब देश में कोरोना वायरस (COVID-19) के कारण सख्त लॉकडाउन लगा हुआ था।
अंतिम संस्कार में क्यों नहीं पहुंचा कोई?
श्याम सुंदर जी के निधन की खबर ने पूरे देश और उनके सह-कलाकारों को स्तब्ध कर दिया था। राम का किरदार निभाने वाले अरुण गोविल से लेकर लक्ष्मण बने सुनील लहरी तक, सभी ने सोशल मीडिया पर गहरा दुख जताया था। लेकिन सबसे ज्यादा रुला देने वाली बात यह थी कि उनके अंतिम संस्कार में पूरी टीवी और फिल्म इंडस्ट्री से कोई भी शामिल नहीं हो सका।
लॉकडाउन की कड़ी पाबंदियों और महामारी के खौफ के कारण केवल उनके परिवार के गिने-चुने लोग ही उन्हें आखिरी विदाई देने श्मशान घाट पहुंच पाए थे। यहां तक कि महामारी की वजह से उनके परिवार को अस्थि विसर्जन के लिए भी लंबा इंतजार करना पड़ा था।
सांसारिक मोहमाया का कड़वा सच:
जिस इंसान ने अपनी शानदार एक्टिंग से करोड़ों लोगों का मनोरंजन किया और भगवान राम के परम भक्त सुग्रीव का किरदार जिया, उनकी अंतिम यात्रा का इतना सूना होना हर किसी की आंखें नम कर देता है। आज भले ही श्याम सुंदर कलानी हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन 'सुग्रीव' के रूप में उनकी गर्जना और उनका अभिनय हमेशा टेलीविजन के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज रहेगा।


